Press "Enter" to skip to content

निर्दोष था लेकिन 43 साल जेल काटकर निकला तो लखपति बन गया




मिसौरीः निर्दोष प्रमाणित होने में उसे 43 साल लग गये। दरअसल जिस अपराध में इस अश्वेत व्यक्ति को यह सजा दी गयी थी, वह दरअसल उसमें शामिल नहीं था।




केविन स्ट्रीकलैंड नामक इस व्यक्ति को एक तिहरे हत्याकांड में सजा सुनायी गयी है। जब उसे वर्ष 1979 में यह सजा सुनायी गयी थी जब वह जवान था। इतने वर्ष जेल क सजा काटने के बाद वह निर्दोष प्रमाणित हुआ है।

इस बात की जानकारी के साथ साथ अदालत ने यह स्पष्ट कर दिया है कि इस गलती की वजह से उसे सरकार से कोई हर्जाना नहीं मिलेगा। इस सूचना के सार्वजनिक होने के बाद एक स्वयंसेवी संस्था ने उसकी आर्थिक मदद करने की अपील जारी कर दी थी। इसी अपील का नतीजा है कि जेल से बाहर आने के बाद उसके लिए लोगों ने एक मिलियन डॉलर एकत्रित कर दिये हैं।

गत 23 नवंबर को जब वह जेल से बाहर निकला तो उसकी वजह उन तथ्यों पर विचार करना था, जो बार बार पहले की अदालतों में नजरअंदाज किये जाते रहे हैं। तब भी केविन खुद को निर्दोष बताता रहा था। अब 62 साल की उम्र में जेल से बाहर आने के बाद केविन ने कहा कि फिलहाल तो वह मानसिक उथल पुथल के दौर से गुजर रहा है

क्योंकि इतने दिन जेल के भीतर होने और खुद के निर्दोष होने के बाद भी सजा काटने का मानसिक दर्द शब्दों से बयां नहीं किया जा सकता है। उसे निर्दोष घोषित करने वाले जज जेम्स वेल्स ने कहा कि अदालत ने उन साक्ष्यों पर स्पष्ट तौर पर नजर दिया है, जो उसे बेगुनाह साबित करते हैं।




निर्दोष को मुआवजा नहीं मिलने की सूचना पर लोग आगे आये

अब इतने दिनों बाद जेल से बाहर आने तथा सरकार द्वारा उसे कोई मुआवजा नहीं दिये जाने की सूचना के बाद उसकी मदद के लिए स्वयंसेवी संस्था ने अपील जारी कर दी थी।

इसके तहत एक मिलियन डॉलर से अधिक की राशि एकत्रित हो चुकी है। वैसे केविन को यह सजा सिर्फ एक महिला के बयान पर दी गयी थी जबकि वह बार बार यह कहता रहा था कि वह तो घटनास्थल पर मौजूद भी नहीं था।

दरअसल जिस महिला ने उसके खिलाफ बयान दिया था, उसने मौत से पहले यह स्वीकार किया था कि उसने गलत बयान दिया है। 18 साल की उम्र में जेल जाने वाले केविन की मां की मौत इसी वर्ष 21 अगस्त को हो गयी थी।

इसके बाद भी वहां की अदालत के नियमों के मुताबिक उसे कोई मुआवजा नहीं मिलने के फैसले के बाद ही आम नागरिकों ने इसकी भरपाई करने के लिए चंदा देना प्रारंभ कर दिया। अब जेल से बाहर आये निर्दोष व्यक्ति एक लखपति बन चुका है।

 



More from अदालतMore posts in अदालत »
More from ताजा समाचारMore posts in ताजा समाचार »
More from यू एस एMore posts in यू एस ए »

Be First to Comment

Leave a Reply

%d bloggers like this: