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तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने इलाके में प्रारंभ कर दिया है चुनाव प्रचार

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  • नये स्लोगन के साथ भवानीपुर में ममता का प्रचार

  • उन्नयन घरे घरे घरेर मेये भवानीपुरे

  • इलाके में नजर आने लगे हैं होर्डिंग

  • अन्य दलों के प्रचार का अता पता नहीं

राष्ट्रीय खबर

कोलकाताः तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र के इलाकों में




अभी से ही चुनाव प्रचार प्रारंभ कर दिया है। इसमें नये स्लोगन का इस्तेमाल किया गया

है। यह स्लोगन बांग्ला में है। स्लोगन में कहा गया है कि उन्नयन घरे घरे घरेर मेये

भवानीपुरे, यानी हर घर में विकास के साथ घर की बेटी भवानीपुर में चुनाव मैदान में है।

बताते चलें कि भवानीपुर से ममता बनर्जी पहले भी चुनाव लड़ती रही हैं। यह उनका

इलाका ही माना जाता है। इस बार भाजपा की चुनौती का सामना करने ममता बनर्जी ने

नंदीग्राम से शुभेंदु अधिकारी के खिलाफ चुनाव लड़ने की चुनौती स्वीकार कर ली थी।

नंदीग्राम से वह चुनाव हार चुकी हैं। मुख्यमंत्री बनने के बाद अगले छह महीने में किसी

सीट से चुनाव जीतने की बाध्यता की वजह से भवानीपुर के निर्वाचित तृणमूल कांग्रेस

विधायक शोभनदेव ने तुरंत ही इस्तीफा दे दिया है। ममता ने राज्य में होने वाले सारे उप

चुनावों में किसी अन्य पर चुनाव लड़ने की बात कही थी लेकिन पार्टी के अन्य नेताओं ने

उनके प्रस्ताव को खारिज करते हुए इसी भवानीपुर सीट से उनका चुनाव लड़ना तय किया

है। अब तक औपचारिक तौर पर भवानीपुर सीट पर चुनाव का एलान नहीं होने के बाद भी

ममता बनर्जी के समर्थन में चुनाव प्रचार गति पकड़ चुकी है। शेष दलों के कौन कौन




प्रत्याशी मैदान में होंगे, यह अभी तय नहीं है। इस वजह से अन्य दलों के चुनाव प्रचार का

कोई मामला भी प्रारंभ नहीं हुई है। वैसे तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने बीच बीच में

खेला होबे धून को बजाना भी जारी रखा है। बता दें कि तमाम चुनावी नारों के बीच यह

खेला होबे गीत अत्यंत लोकप्रिय हो गया था।

तृणमूल कांग्रेस का खेला होबे गीत सबसे लोकप्रिय हुआ था

इसकी लोकप्रियता इतनी अधिक थी कि भाजपा नेताओं को भी इसका गाहे बगाहे

इस्तेमाल करना पड़ा था। अब तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के एक संगठन जयहिंद

वाहिनी ने इस स्लोगन को बाजार में उतार दिया है। विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों

पर भी इस स्लोगन को लोग अभी से ही देख रहे हैं। पूरे इलाके में छोटे छोटो होर्डिंग भी

लगने लगे हैं। बता दें कि वर्ष 2011 के उपचुनाव में ममता बनर्जी ने इस सीट से जीत

हासिल की थी। इस बार नंदीग्राम से उनके चुनाव लड़ने क वजह से शोभनदेव चट्टोपाध्याय

को प्रत्याशी बनाया गया था। शोभनदेव भी 28 हजार वोटों से चुनाव जीतने के बाद ममता

के लिए सीट खाली करते हुए अपने पद से त्यागपत्र दे चुके हैं। अब चुनाव आयोग द्वारा

चुनाव की तिथि का एलान होने के पहले से ही तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ता पूरे इलाके में

पहले से प्रचार की गाड़ी को तेज गति से आगे बढ़ा रहे हैं।



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