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एक टका का वकील अब ब्रिटेन की महारानी का कानूनी सलाहकार बनेगा

  • अंतर्राष्ट्रीय अदालत में बहस के लिए ली थी एक रुपया फीस

  • भारत के अन्यतम श्रेष्ठ कानूनविद की पहचान है उनकी

  • सुषमा स्वराज के निधन के बाद बेटी ने चुकायी फीस

नईदिल्लीः एक टका का वकील अब इतना महत्वपूर्ण कैसे हो सकता है

कि वह ब्रिटेन की महारानी का कानूनी सलाहकार बने। लेकिन यह एक

टका का वकील दरअसल भारत के नामी अधिवक्ता और कानून के

जानकार हरीश साल्वे हैं। हरीश साल्वे ने पाकिस्तान की जेल में बंद

भारतीय कुलभूषण जाधव के मामले में सिर्फ एक टका फीस लेकर वह

अंतर्राष्ट्रीय तौर पर चर्चा के केंद्र में आ चुके थे। अंतर्राष्ट्रीय अदालत में

उनकी दलीलों ने पाकिस्तान को बुरी तरह मात दी थी। जिसकी वजह

से पाकिस्तान को न सिर्फ कुलभूषण की फांसी रोकनी पड़ी बल्कि

अपने यहां कई नियमों तक को बदलना पड़ा है। अब हरीश साल्वे

ब्रिटेन की महारानी के कानूनी सलाहकार बनेंगे। यह फैसला तय कर

लिया गया है लेकिन इसकी आधिकारिक घोषणा मार्च में होगी।

महारानी के सलाहकारों के लिए ब्रिटिश न्याय मंत्रालय ने सूची जारी

की। साल्वे को ब्रिटेन की महारानी के लिए कोर्ट ऑफ इंग्लैंड और वेल्स

के लिए क्वीन काउंसिल क्यूसी नियुक्त किया जा रहा है। साल्वे ने

सलमान हिट एंड रन केस, बिल्किस बानो जैसे मामलों में भी पैरवी की

है। वे पूर्व सालिसिटर जनरल हैं। अब उन्हें ब्रिटेन की महारानी के लिए

कोर्ट ऑफ इंग्लैंड और वेल्स के लिए क्वीन काउंसिल क्यूसी नियुक्त

किया जा रहा है। ब्रिटेन के न्याय मंत्रालय ने नई नियुक्तियों की सूची

जारी की है। इसमें साल्वे का नाम शामिल है। ब्रिटिश सरकार के

मुताबिक, महारानी के लिए 114 वकील नियुक्त किए जा रहे हैं। इनमें

10 महिला, 22 गैर ब्रिटिश वंशज और 26 सलाहकार के लिए 258

आवेदन आए थे।

एक टका का वकील सॉलिसिटर जनरल रहे हैं 

पिता एनकेपी साल्वे कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और केंद्रीय मंत्री रहे।

कांग्रेस में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी से लेकर राजीव गांधी

तक एनकेपी साल्वे केंद्रीय राजनीति में प्रभावशाली स्थिति में रहे।

महाराष्ट्र के धुले जिले के वरुड गांव में हरीश साल्वे का जन्म हुआ।

1992 में वे सुप्रीम कोर्ट के वकील बने और 1995 में सॉलिसिटर जनरल

बने।

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