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ओरमांझी के चेतनबारी में मिला कोरोना पॉजिटिव मरीज

  • केरल से लौटा नेवी का जवान कोरोना की चपेट में 

  • अस्पताल नहीं होम क्वारेंटी में 17 दिन रहना होगा

  • मरीज के साथ एक ही घर मे रह रही है उनकी पत्नी

  • मरीज की पत्नी का कोरोना जांच करने का फरमान

प्रतिनिधि

ओरमांझीः ओरमांझी के चेतनबारी में नेवी का एक जवान कोरोना की चेपेट में आया है।

इस खबर के बाद गांव में लोग काफी डरे सहमे से हैं। दरअसल जवान जब घर आया था तो

लोगों को खूब मिठाईयां बांटी गई थी जिसकी वजह से भी लोग डरे सहमे हुए हैं । मालूम हो

कि कोरोना पॉजिटिव मरीज केरल के कोच्ची में पोस्टिंग है। वह अपने ड्यूटी से छुट्टी लेकर

11 जुलाई को अपना घर पहुंचा है घर पहुंचने पर नेवी के जवान ने अपने घरवालों को

बताया कि मुझे कोरोना बीमारी है इसलिए आप सब हमसे दूर ही रहो जिसके बाद से वह

अपने घर पर सतर्कता बरतते हुए अपने बीवी के साथ होम क्वारेंटीन में रहा है। फोर्स

जवान की कोरोना जांच रिपोर्ट 13 जुलाई को आयी, जिसमे उसका रिपोर्ट पॉजिटिव पाया

गया। मगर जवान में कोरोना का किसी तरह का कोई लक्षण नही है ।जवान की कोरोना

पॉजिटिव आने की खबर जिला प्रशासन को मिलते हो मंगलवार को अंचल अधिकारी शिव

शंकर पांडे के नेतृत्व में ओरमांझी थाना तीन व मेडिकल टीम मरीज के गांव पहुंचकर

मामले की पूरी जानकारी लिया और मरीज के घर को कंटेन्मेंट जोन घोषित कर लोगों को

उधर आने जाने की सख्त मनाही कर दी गई है। सिर्फ मरीज के परिजनों को सतर्कता

बरतते हुए खाना पहुंचाने की अपील की गयी है। कोरोना पॉजिटिव मरीज के से अंचल

अधिकारी ने फोन पर बात कर कहा कि पूरी सतर्कता बरतते हुए अपने घर पर ही 17 दिन

तक रहें और अगर किसी तरह की कोरोना का लक्ष्य मिलता है तो प्रशासन को इस कि

जानकारी दे मरीज के पिता ने बताया कि दस साल से मेरे बेटे को खांसी की शिकायत है।

ओरमांझी के चेतनबारी में आस पास हुई स्कैनिंग जांच

मेडिकल टीम ने अनुमानित लोगों से मिलकर स्कैनिंग जांच किया और पता है लगाया कि

किसी तरह की किसी में कोई लक्षण तो नहीं। जिससे कोरोना वायरस की जांच किया जा

सके। अंचल अधिकारी ने मेडिकल टीम को कोरोना पॉजिटिव मरीज के पत्नी का कोरोना

जांच करने की आदेश दिया।

मरीज के घर को ही कंटेन्मेंट जोन बनाया गया

कोरोना पॉजिटिव मरीज के घर को ही सिर्फ सील किया गया जबकि मरीज के घर से

लगभग 200 फीट दूरी तक को कंटेन्मेंट जोन बनाया जाना चाहिए था ताकि कोई कोरोना

की चपेट में न आ जायें । इस से पहले जब चकला में कोरोना की मरीज होने की पुष्टि हुई

तो प्रशासन द्वारा मरीज के घर से 200 फिट दूरी तक को कंटेनमेंट जोन घोषित कर बांस

की बलि से सील कर दिया गया था जिससे लोगों का आवागमन बाधित हो गया था जब

कि मरीज मेदान्ता में भर्ती थी । मगर इस बार चेतनबारी में कुछ अलग ही नजारा देखने

को मिला जहां कोरोना पॉजिटिव मरीज के साथ उनकी बीवी को साथ रहने की अनुमति

मिल गई है।


 

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