fbpx Press "Enter" to skip to content

अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति अब अंतरराष्ट्रीय महासंघों से चर्चा करेगा

लुसाने: अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति (आईओसी) कोरोना वायरस के टोक्यो ओलंपिक

पर प्रभाव को लेकर अंतरराष्ट्रीय महासंघों और एथलीटों के आयोगों से कॉल कांफ्रेंसिंग के

जरिए चर्चा करेगा। कोरोना वायरस के कारण दुनियाभर में विभिन्न खेल टूर्नामेंटों को या

तो स्थगित किया गया है या इन्हें रद्द किया जा चुका है, ऐसे में 24 जुलाई से होने वाले

टोक्यो ओलंपिक के आयोजन को लेकर खतरा पैदा हो गया है।

अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति ने एक बयान जारी कर कहा,‘‘कुछ सप्ताह से जिस तरह

के हालात चल रहे हैं उसे देखते हुए आईओसी अपने साझेदारों के साथ लगातार हालात पर

नजर बनाए हुए है। यह कांफ्रेंसिंग इसी का एक हिस्सा है। हम ओलंपिक कराने को लेकर

किसी भी चुनौती से निपटने के लिए अंतरराष्ट्रीय संघों और एथलीटों के आयोगों की

सहायता करने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। हमारा लक्ष्य समस्या का समाधान करना है।

अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति के अध्यक्ष थॉमस बाक ने एथलीटों, अंतरराष्ट्रीय संघों

और राष्ट्रीय ओलंपिक समितियों के क्वालीफिकेशन के दौरान चुनौतियों का सामना करने

की सराहना की। आईओसी एथलीट आयोगों के साथ मंगलवार को कांफ्रेंस कर कोरोना

वायरस के कारण पड़ने वाले प्रभाव पर चर्चा करेगा।

अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति कोरोना वायरस पर चिंतित

इसके साथ ही आईओसी विश्व स्वास्थ्य संगठन, टोक्यो प्रशासन और जापान सरकार के

साथ लगातार संपर्क में है। आईओसी ने कहा कि वह विश्व स्वास्थ्य संगठन की सलाह पर

काम करेगा। इस बीच जापान के प्रधानमंत्री शिंजो आबे ने भी कहा था कि उनकी सरकार

कोरोना पर काबू पा लेगी और टोक्यो ओलंपिक अपने तय कार्यक्रम के अनुसार ही होंगे।

दूसरी तरफ अनेक बड़ी प्रतियोगियों को स्थगित किये जाने अथवा इन प्रतियोगिताओं में

खिलाड़ियों के भाग लेने से इंकार करने की वजह से भी आयोजन पर संदेह के बादल

मंडराने लगे हैं। अंतर्राष्ट्रीय ओलंपिक समिति के पहले ही भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने

अपने यहां से विश्व प्रसिद्ध आइपीएल क्रिकेट टूर्नामेंट को भी स्थगित कर दिया है।


 

Spread the love
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
More from ताजा समाचारMore posts in ताजा समाचार »
More from स्वास्थ्यMore posts in स्वास्थ्य »

2 Comments

Leave a Reply