fbpx Press "Enter" to skip to content

गधों का मेला लगता है पौराणिक नगरी चित्रकूट में

  • दीपिका नामक गधी इस बार सवा लाख में बिकी

चित्रकूटः गधों का मेला सुनने में भी थोड़ा अजीब लगता है। लेकिन

पौराणिक नगरी चित्रकूट में दीपावली के मौके पर लगने वाले अनूठे गधा

मेला में दीपिका  नामक मादा गधा सवा लाख रुपये में बिका। मन्दाकिनी

नदी के किनारे लगने वाले गधे मेले में इस बार करीब 12 हजार गधे आये।

विभिन्न नस्लों के इन गधों की कीमत पांच हजार से लेकर सवा लाख रूपए

तक रही। गधा व्यापारियों  ने जांच परख कर इन जानवरों की खरीददारी की।

तीन दिनों के दौरान करीब आठ हजार गधे बिक गए जिससे इस मेले में करीब

12 करोड़ रुपयों का कारोबार हुआ। जो पिछली दीपावली के व्यापार से लगभग

दो करोड़ रुपए ज्यादा रहा है। गधों के नाम फिल्मी दुनिया के कलाकारों

और नेताओं के नाम पर भी रखे गए थे जिसमे दीपिका नाम का गधा जो

डीपू नस्ल का बताया गया है जो सबसे अधिक सवा लाख रुपये का बिका।

गधों के व्यापारियों ने जांच परख कर की खरीददारी

गधा व्यापारियों ने जांच परख कर इन जानवरों की खरीददारी की। गधा

व्यापारी सुखलाल ने बताया कि लाखों रुपयों के लेनदेन के बावजूद

इस मेले में सुरक्षा के कोई इंतजाम न होने से व्यापारी काफी चिंतित

और परेशान दिखे। दूर दूर से आने वाले गधे व्यापारियों के लिए प्रशासन

की ओर से कोई सुविधा  भी उपलब्ध नहीं कराई गई थी। दिलचस्प है कि

यहां हर साल लगने वाले दीवाली मेले में एक ओर धर्म और आध्यात्म से

जुडी गतिविधियों का बोलबाला रहता है वहीं दूसरी ओर इस अवसर पर

यहां लगने वाला गधा मेला  भी लोगों के लिए कौतूहल का विषय होता है

कई प्रदेशों से हजारों की संख्या  में आये विभिन्न नस्लों के गधों की खरीद

फरोख्त के बड़े केंद्र के रूप में विकसित इस गधे मेले में विभिन्न कद काठियों

के गधों को देखने के लिए लोगों की खासी भीड़ जुटती है। चित्रकूट में

लगने वाला यह गधा मेला जंहा गधे का व्यापार करने वालों के लिए

मुनाफा कमाने का अवसर ले कर आता है वहीं विभिन्न क्षेत्रों से आये

गधों को भी एक दूसरे से मिलने मिलाने का मौका देता है।

यहां गधे भी आपस में अपनी बिरादरी का दु:ख दर्द बांटते

नजर आते हैं।

Spread the love
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

One Comment

Leave a Reply

error: Content is protected !!