Press "Enter" to skip to content

दामोदर नदी के उदगम स्थल के गांव चूल्हापानी में कोरोना नहीं

कुड़ूः दामोदर नदी के उदगम स्थल के तौर पर ही चूल्हापानी जाना जाता है। यह एक

पर्यटन स्थल भी है। यहां पर बसे गांव में 52 सदस्यों वाले गांव में अब तक एक भी

संक्रमित नहीं। इसके लिए ग्रामीणों ने बैठक  कर बनाए हैं कड़े नियम। लोहरदगा जिले के

कुडू प्रखंड के चूल्हापानी गांव देवनद,  दामोदर नदी  का उद्गम स्थल है। गांव के लोगों ने

प्रकृति के बीच अपने आप को क्वारंटाइन कर कोरोना को मात दी है। गांव में ना तो अब

तक कोई कोरोना से संक्रमित हुआ है। और ना ही किसी की मौत हुई है। यहां ना तो कोरोना

की लहर है ना ही संक्रमण का कहर। गांव का अपना ऐतिहासिक और पर्यटन का महत्व है।

यह गांव चारों ओर से पहाड़ों जंगलों के बीच है। कुडू प्रखंड के सलगी पंचायत के सुदूरवर्ती

चूल्हापानी गांव की पहचान यहां के प्राकृतिक वातावरण और दामोदर नदी के उद्गम

स्थल के कारण है। लोहरदगा जिले की कुडू प्रखंड प्रखंड मुख्यालय से लगभग 25

किलोमीटर की दूरी पर जंगलों के बीच में बसा है चूल्हापानी गांव। यहां के ग्रामीणों को

संक्रमण छू भी नहीं सका है। दरअसल इस गांव के लोग सतर्कता और संयम रूपी हथियार

से लैस है। कुडू प्रखंड विकास पदाधिकारी मनोरंजन कुमार का कहना है कि इस गांव से

बाकी  लोगों को प्रेरणा लेनी चाहिए। यहां के लोग निरंतर मास्क और शारीरिक दूरी का

पालन कर रहे हैं। बीडीओ ने कहा कि 18 वर्ष से ऊपर के लोगों के लोगों के लिए सलगी में

शिविर का आयोजन किया जाएगा। कुडू सीओ प्रवीण कुमार सिंह का कहना है कि इस

गांव के लोगों से प्रेरणा लेने चाहिए। और 18 वर्ष से अधिक उम्र के लोग ज्यादा से ज्यादा

संख्या में  कोरोना से बचाव का टीका लगवा कर अपने आप को सुरक्षित करना चाहिए।

दामोदर नदी के उदगम स्थल के इस गांव की मुख्य बातें

गांव में 45 वर्ष से ऊपर के नौ लोग है। सभी लोगों ने ले लिया है कोरोना से बचाव का टीका।

चूल्हापानी गांव के 18 वर्ष से ऊपर के 20 लोगों ने टीका के लिए कराया है अपना निबंधन।

गांव के लोगों को जागरूक करने के लिए पारा शिक्षक जयनारायण महतो का है महत्वपूर्ण

योगदान। सभी लोग बेवजह नहीं निकलते बाहर।

जयनारायण की अहम भूमिका

कुडू के चूल्हापानी  उत्क्रमिक प्राथमिक विद्यालय के शिक्षक है जयनारायण महतो। जो

2002 से यहां अपनी सेवा दे रहे हैं। सभी 45 से ऊपर के लोगों को अपनी मोटरसाइकिल पर

चूल्हापानी से सलगी  लाकर वैक्सीन दिलवाया है। यह रजिस्ट्रेशन भी स्वयं करवा दे रहे

हैं। कुडू के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉक्टर सुलामी होरो का कहना है कि कोरोना काल

में प्रखंड क्षेत्र में बहुत सारे प्रवासी कामगार आए और गए। इस गांव में अब तक एक भी

कोरोना संक्रमित नहीं मिलना बहुत बड़ी बात है। अन्य गांवों के लोगों को भी इस गांव के

लोगों से प्रेरणा लेनी चाहिए।

Spread the love
More from HomeMore posts in Home »
More from एक्सक्लूसिवMore posts in एक्सक्लूसिव »
More from ताजा समाचारMore posts in ताजा समाचार »
More from पर्यटन और यात्राMore posts in पर्यटन और यात्रा »
More from लोहरदगाMore posts in लोहरदगा »

Be First to Comment

... ... ...
error: Content is protected !!