fbpx

तत्काल बदलेंगे त्रिपुरा के मुख्यमंत्री, भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व ने लिया फैसला

तत्काल बदलेंगे त्रिपुरा के मुख्यमंत्री, भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व ने लिया फैसला
  • पांच राज्यों पर भाजपा नेतृत्व की निगाहें

  • विधायकों ने मुख्यमंत्री को हटाने की मांग की

भूपेन गोस्वामी

गुवाहाटी : तत्काल बदल दिये जाएंगे त्रिपुरा के मुख्यमंत्री बिप्लब कुमार देब। उन्हें अपनी

पार्टी के भीतर से ही विरोध का सामना करना पड़ रहा है और कुछ विधायकों ने उन्हें पद से

तत्काल हटाने की मांग की है।राज्य के विधायक सुदीप रॉय बर्मन की अगुवाई में दिल्ली पहुंचे

विधायकों ने दावा किया है कि उन्हें 60 सदस्यीय विधानसभा के 36 भाजपा विधायकों में से

उनके पास कम से कम नौ का समर्थन है, जो बिप्लब देब को ‘तानाशाही, अनुभवहीन और

अलोकप्रिय’ होने के चलते उन्हें पद से हटाने की मांग कर रहे हैं। बर्मन के अलावा दिल्ली पहुंचे

विधायकों में सुशांता चौधरी, आशीष साहा, आशीष दास, दिवा चंद्र रंखल, बर्ब मोहन त्रिपुरा,

परिमल देब बर्मा और राम प्रसाद पाल शामिल हैं। मुख्यमंत्री को विरोध करने वाला सारे

विधायको के बात सुनने का बाद केंद्रीय नेतृत्व ने फैसला फैसला लिया है कि त्रिपुरा के

मुख्यमंत्री को तत्काल बदला जाएगा। त्रिपुरा में डेढ़ दर्जन विधायक मुख्यमंत्री की कार्यशैली से

नाराज हैं। पश्चिम बंगाल में मुकुल रॉय की तृणमूल कांग्रेस में वापसी के बाद पार्टी नेतृत्व इस

संदर्भ में सतर्क हुआ है। मुख्यमंत्री के पास इस समय दो दर्जन से अधिक अहम विभाग हैं।

तत्काल ध्यान देने की जरूरत बंगाल चुनाव के बाद पड़ी

इससे भी सरकार में मुख्यमंत्री के खिलाफ असंतोष है। दूसरी ओर भाजपा के वरिष्ठ नेता ने

यह भी कहा कि कर्नाटक में करीब तीन दर्जन विधायक वर्तमान सीएम से नाराज हैं। पार्टी

नेतृत्व नहीं चाहता कि विधानसभा चुनाव से पहले इन राज्यों में बड़ा विवाद खड़ा हो जाए।

हालांकि, आगामी चुनाव को मद्देनजर रखते हुए तृणमूल कांग्रेस ने त्रिपुरा में पार्टी को

पुनर्जीवित करने के प्रयास तेज कर दिए हैं। इस क्षण में त्रिपुरा को भाजपा के भीतर चल रही

खींचतान से बचाने के लिए जल्द ही त्रिपुरा में एक नए मुख्यमंत्री को पेश किया जाएगा।

बीजेपी के केंद्रीय नेतृत्व ने यह फैसला मौजूदा मुख्यमंत्री बिप्लब कुमार देव के खिलाफ पार्टी

के कई विधायकों की नाराजगी के चलते तत्काल लिया है। पूर्वोत्तर भाजपा के एक वरिष्ठ

नेता ने आज गुवाहाटी में यह जानकारी देते हुए कहा कि नरेंद्र मोदी पूर्वोत्तर में कांग्रेसमुक्त

कराने के लिए कोई भी कदम उठाने को तैयार हैं। साथ ही इस समय पश्चिम बंगाल की

मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने फायदा उठाया है और टीएमसी प्रमुख ममता बनर्जी त्रिपुरा में

बीजेपी विधायकों को शामिल करने की अपनी कोशिशें जारी रखे हुए हैं।पश्चिम बंगाल चुनाव

के बाद राज्यों में उपजे असंतोष को लेकर भाजपा नेतृत्व बेहद गंभीर है। उत्तराखंड में दो बार

नेतृत्व परिवर्तन के बाद पार्टी नेतृत्व के निगाहें कई अन्य राज्यों पर है।

पार्टी कई अन्य राज्यों में भी नेतृत्व परिवर्तन की सोच रही

इस कड़ी में अब पार्टी नेतृत्व की निगाहें त्रिपुरा और कर्नाटक पर हैं। पार्टी आलाकमान इन

दोनों राज्यों में नेतृत्व परिवर्तन के विकल्प पर भी तत्काल विचार कर रहा है। नेतृत्व ने दोनों

राज्यों के मुख्यमंत्रियों को दिल्ली तलब किया है। पार्टी सूत्रों ने बताया कि शुक्रवार को शीर्ष

स्तर पर त्रिपुरा को लेकर गहन मंथन हुआ है। राज्य के संदर्भ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसी

हफ्ते पार्टी अध्यक्ष जेपी नड्डा और राज्य के प्रभारी विनोद सोनकर के साथ लंबी मंत्रणा की

थी। इसी मंत्रणा के बाद राज्य के मुख्यमंत्री बिप्लव देव को दिल्ली तलब किया गया है। पार्टी

सूत्रों का कहना है कि या तो राज्य सरकार में बड़ा बदलाव होगा या फिर बिप्लब देव की जगह

उपमुख्यमंत्री विष्णुदेब बर्मन को सरकार का चेहरा बनाया जा सकता है। वहीं, आलाकमान के

निर्देश पर शुक्रवार शाम को कर्नाटक के सीएम बीएस येदियुरप्पा भी दिल्ली पहुंचे हैं। उनकी

जल्द ही पार्टी अध्यक्ष नड्डा और पीएम से मुलाकात हो सकती है। कर्नाटक में भी येदियुरप्पा

के खिलाफ सरकार और पार्टी में असंतोष है। बीते दो-तीन महीने में असंतुष्ट गुट के कई नेता

पार्टी नेतृत्व से मुलाकात कर अपनी आपत्तियां दर्ज करा चुके हैं। आलाकमान के सामने राज्य

मंत्रिमंडल में बड़ा बदलाव या सरकार के चेहरे में बदलाव का ही विकल्प है। सूत्रों का कहना है

कि दोनों ही राज्यों के संदर्भ में अगले कुछ दिनों में फैसला हो जाएगा। यहाँ इसका उल्लेख है

कि कर्नाटक में संगठन के अंदर संतुलन बनाने के लिए मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा को

इस्तीफे पर तैयार करने के बाद भाजपा नेतृत्व की निगाहें पांच अन्य राज्यों पर भी है। नेतृत्व

लगातार पार्टीशासित हरियाणा, मध्यप्रदेश और त्रिपुरा में भी समय रहते संगठन और सरकार

को चुस्त दुरुस्त करने के लिए अहम बदलाव करने पर मंथन कर रहा है।

अगस्त तक बहुत कुछ स्पष्ट हो जाएगा

अगस्त महीने तक इन राज्यों में बदलावों को अंतिम रूप देने की योजना बनी है। इसके

अलावा राजस्थान और छत्तीसगढ़ को लेकर भी जल्द माथापच्ची की जाएगी। बता दें कि

येदियुरप्पा के अलावा हरियाणा, मध्यप्रदेश और त्रिपुरा के मुख्यमंत्री भी शुक्रवार को ही दिल्ली

बुलाए गए थे। इसमें येदियुरप्पा के अलावा त्रिपुरा के सीएम बिप्लब देव ने भी प्रधानमंत्री नरेंद्र

मोदी से मुलाकात की थी, जबकि मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान भाजपा

अध्यक्ष जेपी नड्डा से मिलने पहुंचे थे। इस मुलाकात की जानकारी खुद शिवराज ने ट्वीट में

दी थी और कुछ ‘निर्देश’ मिलने की भी बात कही थी। सूत्रों का कहना है कि इन तीनों राज्यों में

नेतृत्व बड़ा बदलाव करना चाहता है। इसमें नेतृत्व परिवर्तन के साथ मंत्रिमंडल और संगठन

में व्यापक फेरबदल के विकल्पों पर भी विचार हो रहा है। इसके अलावा पार्टी नेतृत्व राजस्थान

और छत्तीसगढ़ को ले कर भी लगातार माथापच्ची कर रहा है। इन दोनों राज्यों में भाजपा

बड़ी सियासी ताकत है। नेतृत्व चाहता है कि चुनाव आने से पूर्व इन सभी राज्यों में अहम

बदलाव कर असंतोष से जल्द से जल्द निपट लिया जाए। तृणमूल कांग्रेस ने त्रिपुरा में पार्टी

को पुनर्जीवित करने के प्रयास तेज कर दिए हैं। त्रिपुरा के भाजपा के भीतर चल रहा विवाद से

बचाने के लिए त्रिपुरा में जल्द ही नए मुख्यमंत्री पेश की जाएंगे ।वर्तमान के मुख्यमंत्री विप्लव

कुमार देव से पार्टी के बहुत सारे विधायक नाराज होने के कारण भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व ने

यह फैसला तत्काल लिया है । भाजपा के पूर्वोत्तर के वरिष्ठ नेता ने आज गुवाहाटी में यह

जानकारी देते हुए कहा कि पूर्वोत्तर में कांग्रेस मुक्त करने के लिए नरेंद्र मोदी ने कोई भी

कदम उठाने के लिए तैयार है।

ममता बनर्जी त्रिपुरा पर ध्यान दे रही हैं

इसके साथ साथ पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने त्रिपुरा में भाजपा के विधायकों

को अपने दलों में शामिल करने के लिए कोशिश जारी रखा है। दूसरी ओर, तृणमूल कांग्रेस ने

त्रिपुरा में पार्टी को पुनर्जीवित करने के प्रयास तेज कर दिए हैं। टीएमसी अध्यक्ष और पश्चिम

बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी त्रिपुरा में पार्टी कार्यकर्ताओं को वस्तुतः 21 जुलाई को

संबोधित करेंगी। टीएमसी द्वारा 21 जुलाई को हर साल शहीद दिवस के रूप में मनाया जाता

है, जहां यह मारे गये पार्टी कार्यकर्ताओं को याद करता है। इस संवाददाता को विशेष रूप से

त्रिपुरा टीएमसी अध्यक्ष आशीष लाल सिंह ने यह जानकारी दी। पश्चिम बंगाल की सीएम

ममता बनर्जी 21 जुलाई को त्रिपुरा तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ताओं को संबोधित करेंगी, राज्य

भर में स्थापित विशाल स्क्रीन 4 त्रिपुरा में होर्डिंग्स के साथ आभासी समारोह के लिए पूरे जोरों

पर तैयारियां चल रही हैं, इस कार्यक्रम का प्रचार, राज्य भर में स्थापित किया जा रहा है।

त्रिपुरा तृणमूल कांग्रेस अध्यक्ष आशीष लाल सिंह ने इस संवाददाता को बताया कि आयोजन

के लिए चार जिलों के मुख्यालयों में बड़े स्क्रीन लगाए जा रहे हैं।

Spread the love
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
Rkhabar

Rkhabar

One thought on “तत्काल बदलेंगे त्रिपुरा के मुख्यमंत्री, भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व ने लिया फैसला

... ... ...
error: Content is protected !!
%d bloggers like this: