fbpx Press "Enter" to skip to content

कोरोना और लॉकडाउन के बाद शेयर बाजार में सबसे बड़ी गिरावट

मुंबईः कोरोना और लॉक डाउन जैसे कठिन फैसलों के अमल में आने के बाद

भारतीय शेयर बाजार फिर से धराशायी हो गयी है।

‘कोविड-19’ का संक्रमण बढ़ने और इसके कारण कई राज्यों में लॉकडाउन के बाद

आज घरेलू शेयर बाजारों में हाहाकार मच गया और बीएसई का सेंसेक्स 13 प्रतिशत से अधिक

तथा नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 11 प्रतिशत से ज्यादा की रिकॉर्ड गिरावट में बंद हुये

जिससे निवेशकों के 14.22 लाख करोड़ रुपये डूब गये। पिछले कारोबारी दिवस पर 29,9915.96 अंक पर बंद होने वाला

सेंसेक्स 2,307.16 अंक की गिरावट में खुला और सुबह 9.57 बजे तक 10 फीसदी टूट गया।

दस प्रतिशत टूटते ही बाजर में लोअर सर्किट लग गया और कारोबार 45 मिनट के लिए रोक दिया गया।

उस समय सेंसेक्स 26,924.11 अंक पर और निफ्टी 7,903 अंक पर था। दस दिन के भीतर यह दूसरा मौका है

जब शेयर बाजार में लोअर सर्किट लगा है।

इससे पहले 13 मार्च को भी लोअर सर्किट लगा था। दुबारा कारोबार शुरू होेने पर

बाजार में कुछ तात्कालिक सुधार देखा गया। सेंसेक्स 27,900.83 अंक तक और निफ्टी 8,159.25 अंक तक पहुँच गया।

कोरोना और लॉक डाउन के कारण एक बार फिर बिकवाली बढ़ गयी

कारोबार की समाप्ति पर सेंसेक्स 3,934.72 अंक यानी 13.15 प्रतिशत की गिरावट में 25,981.24 अंक पर बंद हुआ।

यह 26 दिसंबर 2016 के बाद का निचला स्तर है। निफ्टी अंतत: 1,014.20 अंक यानी 11.60 प्रतिशत की गिरावट में 7,731.25 अंक पर बंद हुआ जो 23 मई 2016 के बाद का निचला स्तर है।

यह पहला मौका है जब दोनों प्रमुख सूचकांक 10 प्रतिशत से ज्यादा टूटे हैं।

शेयर बाजार में इससे बड़ी गिरावट इसी वर्ष 12 मार्च को देखी गयी थी जब सेंसेक्स 8.18 प्रतिशत (2,919.26 अंक) और निफ्टी 8.30 प्रतिशत (868.25 अंक) टूट गया था।

सेंसेक्स का आज का निचला स्तर 25,880.83 अंक और निफ्टी का निचला स्तर 7,583.60 अंक रहा।

शेयर बाजार में आज निवेशकों को 14,22,207.01 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ

और बीएसई का बाजार पूँजीकरण घटकर 1,01,86,936.28 करोड़ रुपये पर आ गया।

Spread the love
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

Be First to Comment

Leave a Reply

Open chat
Powered by