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भारत रत्न राजीव गांधी को कांग्रेस भवन में श्रद्धांजलि दी गयी

रांचीः भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री स्व. राजीव गांधी की पुण्यतिथि पर आज रांची स्थित

प्रदेश कांग्रेस भवन में सोशल डिस्टेसिंग का पालन करते हुए सादगी से उन्हें पार्टी नेताओं-

कार्यकर्ताओं द्वारा श्रद्धांजलि दी गयी। सर्वप्रथम राजीव गांधी के चित्र पर माल्यार्पण

किया गया एवं दीप प्रज्ज्वलित किया गया एवं पुष्प अर्पित कर भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी

गई।

प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष और वित्त एवं खाद्य आपूर्ति मंत्री डॉ. रामेश्वर उरांव ने

श्रद्धांजलि समारोह की अध्यक्षता करते हुए कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी का

झारखंड से गहरा नाता रहा है, उनके प्रयास से ही पहले झारखंड स्वायतशासी परिषद का

गठन हुआ और बाद में अलग राज्य गठन का मार्ग प्रशस्त हुआ। उन्होंने कहा कि देश और

झारखंड में रहने वाले आदिवासियों के विकास के प्रति वे हमेशा चिंतित रहते थे और

उन्होंने कई बार गुमला, सिमडेगा और खूंटी जैसे आदिवासी बाहुल इलाकों का दौरा किया।

पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी के प्रयास से ही 18वर्ष से अधिक उम्र के लोगों को लोकतंत्र में

महत्वपूर्ण भागीदारी मिल पायी और सूचना तथा तकनीकी के क्षेत्र में भारत जो आज

दुनिया भर में अग्रणी है, उसका श्रेय में भी उन्हें ही जाता है। इस मौके पर स्वास्थ्य मंत्री

बन्ना गुप्ता ने कहा कि जनसेवा और देशसेवा के कार्यों को आगे बढ़ाने का काम किया था,

इसलिए आज उन्हें न सिर्फ कांग्रेस, बल्कि पूरा देश याद कर रहा है। उन्होंने कहा कि

लोकतांत्रिक व्यवस्था में नेतृत्वकर्त्ता की पहचान भविष्य की जरूरतों को पहचानने और

उस दिशा में कदम आगे बढ़ाने को लेकर होती है। कृषिमंत्री बादल ने कहा कि तत्कालीन

प्रधानमंत्री के रूप में राजीव गांधी ने 21 वर्ष की जगह 18 वर्ष के विद्यार्थियों-युवाओं को

वोट का अधिकार दिया और सूचना क्रांति के माध्यम से बड़े बदलाव की आधारशिला रखी

थी, आज दो सेकेंड में दुनिया भर से संपर्क स्थापित हो सकता है।

भारत रत्न राजीव गांधी ने ही सूचना क्रांति की आधारशिला रखी थी

प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता आलोक कुमार दूबे ने कहा कि 21वीं सदी में एक

शक्तिशाली एवं उन्नत भारत के स्वप्न दृष्टा युद्ध रहित और सहयोग पूर्ण विश्व के

आकांक्षी तथा एक स्वस्थ अंतरराष्ट्रीय संगठन के महान समर्थक राजीव गांधी भारत के

ही नहीं वरन विश्व के एक महान विभूति थे। देश की राजनीतिक, आर्थिक, सामाजिक,

धार्मिक, शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक समस्याओं को राजीव गांधी ने निश्चय और खुले

मस्तिष्क से सुलझाने का प्रयास किया। प्रदेश कांग्रेस कमिटी के प्रवक्ता लाल किशोर

नाथ शाहदेव ने कहा कि भारत को विखंडित करने वाली सांप्रदायिक तथा आतंकवादी

गतिविधियों से जूझने और उन पर प्रभाव कारी नियंत्रण स्थापित करने की दिशा में

राजीव गांधी जीवन पर्यंत प्रयत्नशील रहे और पूर्ण सफल रहे तो कोई अतिशयोक्ति नहीं

होगी। प्रदेश कांग्रेस कमिटी के प्रवक्ता डॉ. राजेश गुप्ता छोटू ने कहा कि राजीव गांधी

स्वतंत्र भारत के पहले प्रधानमंत्री थे, जिन्होंने भारत को 21वीं सदी में अनुप्रवेश की

महत्वाकांक्षी परिकल्पना की थी तथा वैज्ञानिक स्तर पर भारत को सर्वोच्च शिखर पर

प्रतिष्ठित करने का संकल्प लिया और पूरा किया था। इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री बन्ना

गुप्ता, बादल पत्रलेख, कार्यकारी अध्यक्ष केशव महतो कमलेश,पूर्व मंत्री गीताश्री उराँव,

प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता आलोक कुमार दूबे, लाल किशोर नाथ शाहदेव, डा राजेश गुप्ता

छोटू,अमूल्य नीरज खलखो,संजय पाण्डेय, सुरेन्द्र सिंह,प्रदीप तुलस्यान,बेलस तिर्की, डा

विनोद सिंह,डा पी. नैयर,अजय सिंह,नीरज भोक्ता,राजू राम,रींकू तिवारी, दीपक

ओझा,सोरेन राम मुख्य रुप से उपस्थित थे।

प्रधानमंत्री को मुख्यमंत्रियों की बात भी सुननी चाहिएः डॉ उरांव

डॉ रामेश्वर उरांव ने कहा है कि भारत के संघीय ढांचे में प्रधानमंत्री को पूरे देश का प्रमुख

माना जाता है, तो मुख्यमंत्री भी राज्य के प्रधान होते है, उनकी बात भी सुननी चाहिए। डॉ

रामेश्वर उरांव आज रांची स्थित कांग्रेस भवन में भारत रत्न राजीव गांधी की

पुण्यतिथि पर आयोजित श्रद्धांजलि कार्यक्रम के बाद पत्रकारों द्वारा पूछे गये सवालों का

जवाब दे रहे थे।

डॉरामेश्वर उरांव ने कहा कि तत्कालीन प्रधानमंत्री राजीव गांधी ने बड़े ही बेबाक ढंग से यह

स्वीकार किया गया था कि केंद्र सरकार विकास योजनाओं के लिए जो 100 पैसे भेजती है,

उसमें से 15 पैसे ही गांव तक पहुंच पाते है, इस कथन के पीछे उनके मानस पटल पर यह

सोच रही कि गरीबों के कल्याण के लिए खर्च की जाने वाली राशि सही तरीके से लाभुकों

तक पहुंचे, इसी सोच के तहत राजीव गांधी ने डीबीटी के माध्यम से योजना के लाभुकों को

सीधे मदद पहुंचा कर लोकतांत्रिक व्यवस्था को सशक्त करने की कोशिश की ।

प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि जब तक भ्रष्टाचार पर अंकुश नहीं लग जाता, तब तक गुड

गवर्नेंस संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि राज्य की गठबंधन सरकार पूरी पारदर्शिता के साथ

काम कर रही हैं और तमाम विपरीत परिस्थितियों के बावजूद ग्रामीण क्षेत्रों में विकास की

योजनाओं को मूर्त रूप देने के साथ ही लोगों को रोजगार उपलब्ध कराने की कोशिश की

जा रही है। वहीं इस संकट की घड़ी में सभी गरीब और जरुरतमंद परिवारों को अनाज

उपलब्ध कराया जा रहा है। कोरोना संक्रमणकाल में भी पार्टी के सभी नेता-कार्यकर्त्ता

लोगों की सेवा में जुटे है।

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